Q. विकास से क्या अभिप्राय है?
Ans. विकास का अर्थ लोगों के जीवन में आर्थिक, सामाजिक और व्यक्तिगत सुधार होना है। इसमें बेहतर आय, शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वतंत्रता जैसे पहलू शामिल हैं।
Q. विभिन्न व्यक्तियों के विकास के लक्ष्य अलग-अलग क्यों होते हैं?
Ans. लोगों की आवश्यकताएँ, परिस्थितियाँ और प्राथमिकताएँ अलग-अलग होती हैं। इसलिए एक व्यक्ति के लिए महत्वपूर्ण लक्ष्य दूसरे व्यक्ति के लिए कम महत्वपूर्ण या विरोधाभासी हो सकता है।
Q. आय के अतिरिक्त विकास के अन्य कौन-से लक्ष्य हैं?
Ans. बेहतर शिक्षा, अच्छा स्वास्थ्य, सम्मान, समान व्यवहार, स्वतंत्रता, सुरक्षा, स्वच्छ पर्यावरण और रोजगार की अच्छी परिस्थितियाँ विकास के अन्य लक्ष्य हैं।
Q. राष्ट्रीय विकास क्या है?
Ans. राष्ट्रीय विकास से आशय देश के लोगों के जीवन स्तर, आर्थिक स्थिति, शिक्षा, स्वास्थ्य, समानता और अन्य कल्याणकारी परिस्थितियों में समग्र सुधार से है।
Q. प्रति व्यक्ति आय क्या है?
Ans. किसी देश या क्षेत्र की कुल आय को उसकी कुल जनसंख्या से भाग देने पर प्राप्त औसत आय को प्रति व्यक्ति आय कहते हैं।
Q. प्रति व्यक्ति आय की गणना कैसे की जाती है?
Ans. प्रति व्यक्ति आय = कुल आय ÷ कुल जनसंख्या।
Q. देशों की तुलना करने में प्रति व्यक्ति आय का उपयोग क्यों किया जाता है?
Ans. प्रति व्यक्ति आय देशों की औसत आय की तुलना करने में मदद करती है। इससे अलग-अलग जनसंख्या वाले देशों की आर्थिक स्थिति का एक सामान्य संकेत मिलता है।
Q. क्या अधिक प्रति व्यक्ति आय हमेशा बेहतर विकास का प्रमाण है?
Ans. नहीं। प्रति व्यक्ति आय केवल औसत आय बताती है। यह आय के वितरण, स्वास्थ्य, शिक्षा, सुरक्षा, पर्यावरण और जीवन की गुणवत्ता को पूरी तरह नहीं दर्शाती।
Q. सार्वजनिक सुविधाएँ क्या हैं?
Ans. वे सुविधाएँ जो सरकार या सार्वजनिक संस्थाएँ लोगों के सामूहिक उपयोग और कल्याण के लिए उपलब्ध कराती हैं, सार्वजनिक सुविधाएँ कहलाती हैं। जैसे सरकारी विद्यालय, अस्पताल, स्वच्छ पेयजल और सड़कें।
Q. सार्वजनिक सुविधाएँ विकास के लिए क्यों आवश्यक हैं?
Ans. सार्वजनिक सुविधाएँ लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता और सुरक्षित जीवन के अवसर प्रदान करती हैं। इनसे जीवन स्तर में सुधार और अवसरों की समानता बढ़ सकती है।
Q. मानव विकास का क्या अर्थ है?
Ans. मानव विकास का अर्थ लोगों की क्षमताओं और अवसरों का विस्तार करना है, ताकि वे स्वस्थ जीवन जी सकें, ज्ञान प्राप्त कर सकें और सम्मानजनक जीवन स्तर हासिल कर सकें।
Q. मानव विकास के प्रमुख संकेतक कौन-से हैं?
Ans. स्वास्थ्य, शिक्षा और आय मानव विकास के प्रमुख आयाम हैं। इनके अतिरिक्त सुरक्षा, समानता और जीवन की गुणवत्ता भी महत्वपूर्ण हैं।
Q. शिशु मृत्यु दर क्या है?
Ans. शिशु मृत्यु दर एक वर्ष से कम आयु के बच्चों की मृत्यु की संख्या को प्रति 1000 जीवित जन्मों के अनुपात में व्यक्त करती है।
Q. साक्षरता दर क्या है?
Ans. साक्षरता दर किसी निर्धारित आयु वर्ग में पढ़ने-लिखने में सक्षम व्यक्तियों के प्रतिशत को दर्शाती है। भारत में सामान्यतः सात वर्ष और उससे अधिक आयु की जनसंख्या के संदर्भ में इसका उपयोग किया जाता है।
Q. जीवन प्रत्याशा क्या है?
Ans. जीवन प्रत्याशा वह औसत अवधि है जितने वर्षों तक किसी व्यक्ति के जीवित रहने की अपेक्षा की जाती है, यदि संबंधित समय की मृत्यु दर की परिस्थितियाँ बनी रहें।
Q. सतत विकास क्या है?
Ans. सतत विकास वह विकास है जो वर्तमान पीढ़ी की आवश्यकताओं को पूरा करता है, लेकिन भविष्य की पीढ़ियों की अपनी आवश्यकताएँ पूरी करने की क्षमता को नुकसान नहीं पहुँचाता।
Q. प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण क्यों आवश्यक है?
Ans. प्राकृतिक संसाधन सीमित हो सकते हैं। उनका संरक्षण पर्यावरण संतुलन बनाए रखने, प्रदूषण घटाने और भविष्य की पीढ़ियों के लिए संसाधन उपलब्ध रखने के लिए आवश्यक है।
Q. भूमिगत जल के अत्यधिक उपयोग से क्या समस्याएँ हो सकती हैं?
Ans. भूमिगत जल का अत्यधिक दोहन जलस्तर गिरा सकता है, कुओं और नलकूपों के सूखने की आशंका बढ़ा सकता है तथा कृषि और पेयजल की उपलब्धता को प्रभावित कर सकता है।
Q. विकास के लिए शिक्षा और स्वास्थ्य क्यों महत्वपूर्ण हैं?
Ans. शिक्षा ज्ञान, कौशल और रोजगार के अवसर बढ़ाती है, जबकि स्वास्थ्य लोगों की कार्यक्षमता और जीवन की गुणवत्ता में सुधार करता है। दोनों मानव विकास के प्रमुख आधार हैं।
Q. विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन कैसे बनाया जा सकता है?
Ans. नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग, जल संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण, संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग और पर्यावरण-अनुकूल तकनीक अपनाकर विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाया जा सकता है।